कभी न करें भगवान गणेश के इस अंग के दर्शन, हो जाएंगे दरिद्रUpdated: Wed, 19 Jul 2017 07:45 AM (IST)

घर या कार्यालय में श्रीगणेश की प्रतिमा या तस्वीर लगाते समय यह ध्यान रखें कि भगवान का चेहरा दक्षिण-पश्चिम दिशा में न हो।

कहते हैं कि किसी कार्य को शुरू करने से पहले श्री गणेश का नाम लेना चाहिए। हर किसी शुभ कार्य से पहले भगवान गणेश का पूजन किया जाता है। गणेश जी को एकदंत और चतुर्बाहु भी कहा जाता है। उनके मुख का दर्शन करना अत्यंत मंगलमय माना जाता है लेकिन क्या आप जानते हैं उनका एक अंग ऐसा भी है जिसके दर्शन करने से दरिद्रा आती है।

हिंदू धर्म शास्त्रों के मुताबिक भगवान गणपति की पीठ के दर्शन नहीं करने चाहिए। मान्यता है की उनकी पीठ में दरिद्रता का निवास होता है, इसलिए पीठ के दर्शन नहीं करने चाहिए। कई बार भक्तों को अनजाने में पीठ के दर्शन भी हो जाते हैं तो ऐसे में फिर से भगवान गणेश के मुख के दर्शन कर लेना चाहिए, जिससे पीठ के दर्शन का अशुभ प्रभाव खत्म हो जाता है।

भगवान गणेश की पूजा के समय इस बातों का भी ध्यान रखें

- एक घर में तीन गणपति की पूजा न करें।

- घर के मुख्य द्वार पर गणेशजी की तस्वीर लगाने से वास्तुदोष खत्म होता है।

- घर या कार्यालय में श्रीगणेश की प्रतिमा या तस्वीर लगाते समय यह ध्यान रखें कि भगवान का चेहरा दक्षिण-पश्चिम दिशा में न हो।

संबंधित खबरें

जरूर पढ़ें

FOLLOW US

Copyright © Naidunia.