'बाबूजी धीरे चलना...' से मशहूर हुई शकीला का निधनUpdated: Thu, 21 Sep 2017 02:35 PM (IST)

वो पहले मुंबई के मरीन ड्राईव इलाके में रहती थीं लेकिन बेटी मीनाज़ के आत्महत्या कर लेने के बाद वो बांद्रा में शिफ़्ट हो गईं।

पचास और साठ के दशक की अभिनेत्री शकीला का बुधवार की रात मुंबई में दिल का दौरा पड़ने से निधन हो गया। वो 82 साल की थीं।

उनके भांजे और अभिनेता नासिर खान ने सोशल मीडिया के जरिये ये जानकारी दी है। शकीला ने देव आनंद की फिल्म 'सीआईडी' और गुरुदत्त की 'आर पार' जैसी फिल्मों में काम किया।

हर दौर के सुपरहिट गाने ' बाबूजी धीरे चलना... ' के कारण वो काफ़ी फेमस हुई। 'आर पार' के इस गाने को उन्हीं पर फिल्माया गया था। इस गाने के अलावा ' नींद न मुझको आये ' जैसा हिट गाना भी उन पर ही फिल्माया गया था।

जानकारी के मुताबिक बुधवार की देर शाम शकीला को उनके बांद्रा स्थित घर पर दिल का दौरा पड़ा। उन्हें पहले पास के एक अस्पताल में ले जाया गया लेकिन वहां भर्ती न हो पाने के कारण जुहू स्थित एक निजी अस्पताल ले जाया गया जहां उन्होंने अंतिम सांस ली।

उनका सुपुर्द-ए-ख़ाक गुरुवार को माहिम में होगा। वो अभिनेता नासिर खान की मौसी थीं। सोशल मीडिया के जरिए उन्होंने लोगों को ये जानकारी दी।

अपने ज़माने की बेहतरीन अभिनेत्री वहीदा रहमान ने भी ट्विटर के जरिये उन्हें श्रद्धांजलि दी है।

शकीला ने एक एनआरआई से शादी की थी और वो पहले मुंबई के मरीन ड्राईव इलाके में रहती थीं लेकिन बेटी मीनाज़ के आत्महत्या कर लेने के बाद वो बांद्रा में शिफ़्ट हो गईं। उनकी बहन नूर ने जाने माने कॉमेडियन जॉनी वॉकर से शादी की थी।

शकीला ने श्रीमान सत्यवादी , चाइना टाउन , राज महल अरमान और हातिम ताई सहित दो दर्जन से ज़्यादा फिल्मों में काम किया। साल 1963 में आई फिल्म उस्तादों के उस्ताद उनकी आख़िरी फिल्म थी।

संबंधित खबरें

जरूर पढ़ें

FOLLOW US

Copyright © Naidunia.